पटना: छेड़खानी का विरोध करने पर दंपति पर जानलेवा हमला, पति की मौत, आरोपी 12 घंटे में गिरफ्तार

24CITYLIVE/आदर्श सिंह/पटना:राजधानी के पीरबहोर थाना क्षेत्र अंतर्गत लालबाग इलाके में शनिवार की सुबह रोंगटे खड़े कर देने वाली वारदात सामने आई है। यहाँ एक सनकी युवक ने घर में घुसकर सो रहे दंपति पर धारदार हथियार से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। इस हमले में पति की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि पत्नी गंभीर रूप से घायल हैं। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए मुख्य आरोपी को महज 12 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया है।
क्या है पूरा मामला?

घटना अशोक राजपथ स्थित लालबाग इलाके की है। जानकारी के अनुसार, शनिवार तड़के जब पूरा मोहल्ला सो रहा था, तभी आरोपी युवक ने नवाज आलम के घर में घुसकर उन पर और उनकी पत्नी नाजिया परवीन पर हमला बोल दिया। हमले की क्रूरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि नवाज आलम ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। गंभीर रूप से जख्मी नाजिया को अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनकी हालत नाजुक बनी हुई है।
वजह: छेड़खानी का विरोध बना जान का दुश्मन
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, इस खूनी खेल की पटकथा छेड़खानी के विरोध से जुड़ी है। बताया जा रहा है कि आरोपी युवक नवाज आलम की भतीजी के साथ अक्सर बदतमीजी और छेड़खानी करता था। जब चाचा-चाची ने इसका पुरजोर विरोध किया, तो आरोपी ने इसे अपनी ईगो पर ले लिया और रंजिश पाल ली। इसी बदले की आग में उसने शनिवार सुबह इस दोहरे हत्याकांड की कोशिश को अंजाम दिया।
पुलिस की कार्रवाई और अहम सबूत
वारदात के बाद इलाके में सनसनी फैल गई और स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश देखा गया। सूचना मिलते ही पीरबहोर पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने मौके पर पहुँचकर साक्ष्य जुटाए।
त्वरित गिरफ्तारी:पुलिस ने तकनीकी सर्विलांस और मुखबिरों की मदद से दबिश दी और 12 घंटे के अंदर आरोपी को दबोच लिया।
बरामदगी:पुलिस ने गंगा नदी के किनारे से आरोपी के खून से सने कपड़े बरामद किए हैं, जिन्हें उसने वारदात के बाद साक्ष्य छिपाने की नीयत से फेंका था।
खौफ में इलाका, सुरक्षा पर सवाल
इस घटना ने पटना की कानून-व्यवस्था और अपराधियों के बेखौफ हौसलों पर एक बार फिर गंभीर सवालिया निशान लगा दिए हैं। स्थानीय निवासियों का कहना है कि अगर छेड़खानी जैसे मामलों पर समय रहते कड़ी कार्रवाई होती, तो शायद आज एक बेगुनाह की जान न जाती। फिलहाल पुलिस आरोपी से कड़ी पूछताछ कर रही है ताकि केस को अदालत में मजबूती से पेश किया जा सके।

