घटना का पूरा ब्योरा:
* शराब की खेप का पीछा: पटना से आई उत्पाद विभाग की विशेष टीम (EIB) को गुप्त सूचना मिली थी कि नवादा जिले के खराट मोड़ की तरफ से शराब से लदी एक पिकअप वैन आ रही है। इसी सूचना के आधार पर उत्पाद टीम उस वाहन का पीछा करते हुए नालंदा पहुंची थी।
* फायरिंग और हमला: पावापुरी-गिरियक क्षेत्र में फ्लाईओवर के पास जब उत्पाद टीम ने तस्करों की पिकअप वैन को घेरकर रोकने का प्रयास किया, तो तस्करों की मदद के लिए आगे चल रहे लाइनर और बदमाशों ने पुलिस टीम पर अचानक ताबड़तोड़ गोलियां बरसानी शुरू कर दीं।
* सिपाही को लगी गोली: इस अचानक हुए हमले के दौरान उत्पाद विभाग के सिपाही अजीत कुमार को गोली लग गई, जिससे वे गंभीर रूप से घायल होकर गिर पड़े। फायरिंग की आड़ और अफरातफरी का फायदा उठाकर तस्कर पिकअप वैन समेत मौके से फरार होने में कामयाब हो गए।
* इलाज के दौरान निधन: घायल सिपाही को तुरंत पावापुरी स्थित भगवान महावीर आयुर्विज्ञान संस्थान ले जाया गया, जहाँ उनकी गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें पटना पीएमसीएच (PMCH) रेफर कर दिया। इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
प्रशासनिक कार्रवाई:
घटना के बाद उत्पाद विभाग और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। उत्पाद अधीक्षक संजय कुमार चौधरी के अनुसार, फरार शराब तस्करों और लाइनर की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी के लिए उत्पाद विभाग और जिला पुलिस की संयुक्त टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि शराब की यह खेप कहाँ से लाई जा रही थी और इसमें कौन-कौन लोग शामिल हैं।



