36 घंटे तक लापता रहने के बाद मिला शहीद जवान का शव, सरकारी पिस्टल, मोबाइल और पर्स बरामद; चार आरोपी गिरफ्तार
24CITYLIVE/जहानाबाद। बिहार के जहानाबाद में स्मैक तस्करों के खिलाफ कार्रवाई करने गई पुलिस टीम के जवान की हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। गुरुवार की रात से लापता टाइगर मोबाइल के जवान धनेश्वर कुमार का शव शनिवार को काको थाना क्षेत्र के नदियावां गांव के पास दरधा नदी से बरामद किया गया। कर्तव्य निर्वहन के दौरान जान गंवाने वाले जवान की शहादत से पुलिस महकमे में शोक की लहर है।
पुलिस की शुरुआती जांच और अधिकारियों के बयानों के अनुसार, जवान की लाठी-डंडों से पीटकर हत्या करने के बाद शव नदी में फेंक दिया गया था।
जानकारी के अनुसार, टाइगर मोबाइल के जवान धनेश्वर कुमार गुरुवार की देर शाम स्मैक तस्करों के खिलाफ कार्रवाई के लिए निकले थे। नगर थाना क्षेत्र के एसएस कॉलेज रोड के समीप गया जिले के बेलागंज से स्मैक की खेप लेकर पहुंचे एक सप्लायर को पकड़ने के लिए तीन जवानों की टीम पहुंची थी। पुलिसकर्मियों ने जैसे ही सप्लायर और उसके सहयोगियों को पकड़ने की कोशिश की, गिरोह के सदस्यों ने विरोध शुरू कर दिया। देखते ही देखते दोनों पक्षों के बीच झड़प और मारपीट होने लगी।
इस दौरान दो जवानों ने मुख्य सप्लायर को पकड़ लिया, जबकि अन्य लोग मौके से फरार हो गए। इसी अफरातफरी के बीच जवान धनेश्वर कुमार अचानक लापता हो गए। काफी खोजबीन के बावजूद उनका कोई सुराग नहीं मिला। घटनास्थल के पास उनकी बाइक लावारिस हालत में मिली थी। इसके बाद पुलिस ने अपहरण समेत विभिन्न पहलुओं पर जांच शुरू की।
दरधा नदी में मिला शहीद जवान का शव
लापता जवान की तलाश में पुलिस की टीमें लगातार जुटी हुई थीं। करीब 36 घंटे से अधिक समय तक खोजबीन के बाद शनिवार की सुबह काको थाना क्षेत्र के नदियावां गांव के पास दरधा नदी में उनका शव मिला। शव बरामद होने की सूचना मिलते ही पुलिस के वरीय अधिकारी मौके पर पहुंचे। मगध रेंज के आईजी विकास वैभव, एसपी कोटा किरण कुमार, एएसपी और एसडीपीओ सहित कई अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। शव को नदी से बाहर निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। मौके पर फॉरेंसिक टीम ने भी जांच की।
सरकारी पिस्टल, मोबाइल और पर्स बरामद
इस हत्याकांड में जवान की सरकारी पिस्टल, मोबाइल फोन और पर्स भी बरामद किए जाने की जानकारी सामने आई है। पुलिस ने बरामद सामान को जब्त कर लिया है। इन सामानों की बरामदगी को भी जांच का अहम हिस्सा माना जा रहा है।
चार आरोपी गिरफ्तार, पूछताछ जारी
रिपोर्टों के अनुसार, पुलिस ने इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों से पूछताछ के बाद उनकी निशानदेही पर जवान का शव दरधा नदी से बरामद किया गया। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि वारदात में कौन-कौन शामिल था और हत्या की पूरी साजिश किस तरह रची गई।
एसपी ने की हत्या की पुष्टि
जहानाबाद के एसपी कोटा किरण कुमार के अनुसार, स्मैक तस्करों को पकड़ने के दौरान पुलिस जवानों और गिरोह के सदस्यों के बीच झड़प हुई थी। लापता जवान की तलाश के दौरान पुलिस को महत्वपूर्ण सुराग मिले और आरोपियों की निशानदेही पर शव बरामद किया गया। पुलिस के अनुसार, जवान पर लाठी-डंडों से हमला कर उनकी हत्या की गई और शव नदी में फेंक दिया गया।
मृतक जवान धनेश्वर कुमार मूल रूप से भोजपुर जिले के आरा के रहने वाले थे और जहानाबाद नगर थाना में टाइगर मोबाइल के जवान के रूप में तैनात थे।
शहादत से पुलिस महकमे में शोक
नशा तस्करों के खिलाफ कार्रवाई करने निकले जवान धनेश्वर कुमार की हत्या ने पुलिसकर्मियों की सुरक्षा और बिहार में सक्रिय नशा तस्करी के नेटवर्क पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। कर्तव्य निभाते हुए जान गंवाने वाले जवान की शहादत ने पुलिस महकमे को गहरे सदमे में डाल दिया है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है।



